दुर्गा पूजा से पहले बंगाल से आयी बेहद खौफनाक खबर से उड़े जांच एजेंसियों के होश, दहशत में लोग !
कोलकाता : बंगाल के हालात कश्मीर से भी ज्यादा बिगड़ चुके हैं, लेकिन तुष्टिकरण के चलते किसी का ध्यान इस ओर नहीं जा रहा है. मीडिया को भी बंगाल की ख़बरें दिखाने में कुछ ख़ास रूचि नहीं. बंगाल से एक के बाद एक भयानक ख़बरें सामने आ रही हैं. अभी कुछ ही वक़्त पहले बंगाल में एक मिसाइल धमाका होने की खबर आयी थी, क्या आतंकी वहां अब छोटे मिसाइल भी बनाने लगे हैं, इसकी जांच अभी भी चल रही है. अब ताजा मामला बंगाल के हावड़ा ज़िले से सामने आया है, जिससे लोगों में दहशत फ़ैल गयी है.
14 ज़िंदा बम बरामद !
बंगाल में दुर्गापूजा काफी धूम-धाम से मनाई जाती है, दुर्गा पूजा से कुछ ही दिन पहले हावड़ा ज़िले की एक दुकान से 14 ज़िंदा बम बरामद किए गए हैं. कयास लगाए जा रहे हैं कि दुर्गा पूजा के दौरान आरएसएस, बजरंग दल और वीएचपी के जुलूस को निशाना बनाने की कोशिश की जा सकती है. ममता का हिन्दू विरोध तो तभी पता चल गया था, जब उसने एक अक्टूबर को एकादशी के दिन प्रतिमा विसर्जन करने से सिर्फ इसलिए इंकार कर दिया क्योंकि उस दिन मुहर्रम पड़ रहा है.
बुधवार शाम को मनीकपुर पुलिस थानाक्षेत्र के किशोर कपाती पूल में विस्फोट हुआ था, जिसके बाद दुकान मालिक कमर अली ने अपनी दुकान बंद कर दी थी. गुरुवार सुबह बम स्कॉयड ने तलाशी अभियान चलाया और इसी के चलते दुकान खोली गयी तो वहां उन्होंने जो देखा, उससे उनकी आँखें ही फटी रह गयीं.
तुष्टिकरण में अंधी हो चुकी ममता !
दुकान में एक या दो नहीं बल्कि पूरे 14 ज़िंदा बम रखे हुए थे. सवाल ये है कि आखिर बंगाल में बमों की जरुरत क्या है? क्या साजिश की जा रही है, जिसमे बमों का इस्तमाल किया जाने वाला है? यकीन मानिये, वो जो मिसाइल का मलबा मिला था, कयास लगाए जा रहे हैं कि वो भी बनाये जाते वक़्त या परिक्षण के वक़्त फटी होगी.
दुकान मालिक कमर अली बुधवार को हुए विस्फोट में घायल हो गया है और उसे उलबेरी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. ज़िंदा बमों को बनाने वाले कमर अली की हालत गंभीर है, इसलिए पुलिस अभी तक उससे पूछताछ नहीं कर पाई है. सब कुछ ममता की नाक के नीचे हो रहा है. बंगाल आतंकियों का गढ़ बनता जा रहा है. आये दिन साम्प्रदायिक दंगे होना आम बात हो गयी है. तुष्टिकरण में लगी ममता सबकुछ देख कर भी अनदेखा करने में लगी हुई है. बंगाल को देश से तोड़ने की साजिश के चलते धड़ल्ले से देसी बम बनाये जा रहे हैं.
Source-DDbharti.in
14 ज़िंदा बम बरामद !
बंगाल में दुर्गापूजा काफी धूम-धाम से मनाई जाती है, दुर्गा पूजा से कुछ ही दिन पहले हावड़ा ज़िले की एक दुकान से 14 ज़िंदा बम बरामद किए गए हैं. कयास लगाए जा रहे हैं कि दुर्गा पूजा के दौरान आरएसएस, बजरंग दल और वीएचपी के जुलूस को निशाना बनाने की कोशिश की जा सकती है. ममता का हिन्दू विरोध तो तभी पता चल गया था, जब उसने एक अक्टूबर को एकादशी के दिन प्रतिमा विसर्जन करने से सिर्फ इसलिए इंकार कर दिया क्योंकि उस दिन मुहर्रम पड़ रहा है.
बुधवार शाम को मनीकपुर पुलिस थानाक्षेत्र के किशोर कपाती पूल में विस्फोट हुआ था, जिसके बाद दुकान मालिक कमर अली ने अपनी दुकान बंद कर दी थी. गुरुवार सुबह बम स्कॉयड ने तलाशी अभियान चलाया और इसी के चलते दुकान खोली गयी तो वहां उन्होंने जो देखा, उससे उनकी आँखें ही फटी रह गयीं.
तुष्टिकरण में अंधी हो चुकी ममता !
दुकान में एक या दो नहीं बल्कि पूरे 14 ज़िंदा बम रखे हुए थे. सवाल ये है कि आखिर बंगाल में बमों की जरुरत क्या है? क्या साजिश की जा रही है, जिसमे बमों का इस्तमाल किया जाने वाला है? यकीन मानिये, वो जो मिसाइल का मलबा मिला था, कयास लगाए जा रहे हैं कि वो भी बनाये जाते वक़्त या परिक्षण के वक़्त फटी होगी.
दुकान मालिक कमर अली बुधवार को हुए विस्फोट में घायल हो गया है और उसे उलबेरी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. ज़िंदा बमों को बनाने वाले कमर अली की हालत गंभीर है, इसलिए पुलिस अभी तक उससे पूछताछ नहीं कर पाई है. सब कुछ ममता की नाक के नीचे हो रहा है. बंगाल आतंकियों का गढ़ बनता जा रहा है. आये दिन साम्प्रदायिक दंगे होना आम बात हो गयी है. तुष्टिकरण में लगी ममता सबकुछ देख कर भी अनदेखा करने में लगी हुई है. बंगाल को देश से तोड़ने की साजिश के चलते धड़ल्ले से देसी बम बनाये जा रहे हैं.
Source-DDbharti.in




